तडाग (तालाब) शब्द के रूप | Tadag (Talab) Shabd Roop in Sanskrit
Tadag Shabd Roop in Sanskrit – तडागजीव शब्द अजन्त (अकारांत) पुल्लिंग संज्ञा शब्द है। सभी पुल्लिंग संज्ञाओ के रूप इसी प्रकार बनाते है जैसे- देव, बालक, राम, वृक्ष, गृह, मास, इन्द्र, कृष्ण, गोविन्द, गुण, चन्द्र, भक्त, केश, कलश, पाद, ब्राह्मण, कृषक, आपण, अध्याय, लोक, वृषभ, अधर, वानर, कपोत, अनेक, शिष्य, शूद्र, गज, दिवस, घट, गोत्र, शिव, सुर, अश्व, काक, खग, असुर, ईश्वर, छात्र, जनक, सूर्य, आश्रम, मानव, उद्यान, कूप, आकाश, ग्राम, उत्सव, लोक, गीत, जन आदि।
विभक्ति | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
---|---|---|---|
प्रथमा | तडागः | तडागौ | तडागाः |
द्वितीया | तडागम् | तडागौ | तडागान् |
तृतीया | तडागेन | तडागाभ्याम् | तडागैः |
चतुर्थी | तडागाय | तडागाभ्याम् | तडागेभ्यः |
पंचमी | तडागात् / तडागाद् | तडागाभ्याम् | तडागेभ्यः |
षष्ठी | तडागस्य | तडागयोः | तडागानाम् |
सप्तमी | तडागे | तडागयोः | तडागेषु |
सम्बोधन | हे तडाग! | हे तडागौ! | हे तडागाः! |
अजन्त (अकारांत) पुल्लिङ्ग् शब्द रूप (Shabd Roop)